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री (rI)

 
शब्दसागरः
English
री r. 9th cl. (रिणाति)
1. To hurt, to injure.
2. To go, to move.
3. To
howl, as a wild beast. (ङ्) रीङ् r. 4th cl. (रीयते)
1. To distil, to ooze,
to drop.
2. To fall, to alight. r. 2nd cl. (रेति) To bear or conceive,
(as a child.)
Capeller Eng
English
री v. रि.
Yates
English
री (ग) रीणाति 9.
a. To hurt
to go
to howl. (ल) रेति 2.
a. To con-
ceive or bear a child. (य, ङ) रीयते
4.
d. To distil
to fall.
Wilson
English
री r. 9th cl. (रीणाति)
1 To hurt, to injure.
2 To go, to move.
3 To howl, as a wild beast. (ङ) रीङ् r. 4th cl. (रीयते)
1 To distil, to ooze, to drop.
2 To fall, to alight. r. 2nd cl. (रेति) To bear or conceive, (as a child.)
Apte
English
री [rī], I. 4 Ā. (रीयते) To trickle, drip, distil, ooze, flow. -II. 9
U.
(रिणाति, रिणीते, रीण
caus. रेपयति-ते)
To go, move.
To hurt, injure, kill.
To howl.
Apte 1890
English
री {vI.v} {c4c} A. (रीयते) To trickle, drip, distil, ooze, flow. {vII.v} {c9c} U. (रिणाति, रिणीते, रीण
caus. रेपयति-ते) 1 To go, move.
2 To hurt, injure, kill.
3 To howl.
Monier Williams Cologne
English
री a (ई),
f.
going, motion,
L.
1. री or रि (cf. लि)
cl.
9.
P.
(Dhātup. xxxi, 30) रिणा॑ति
cl.
4.
P.
(Dhātup. xxvi, 29) री॑यते (रिणीते,
RV.
Br.
GṛŚrS.
रियति,
Dhātup.
xxviii, 111
impf.
अरिण्वन्,
MaitrS.
Gr.
pf. रिराय, रिर्ये
aor.
अरैषीत्, अरेष्ट
fut. रेता
रेष्यति, °ते
inf.
रेतुम्),
to release, set free, let go,
RV.
to sever, detach from (abl. ), ib.
to yield, bestow,
AV.
(Ā.) to be shattered or dissolved, melt, become fluid, drop, flow,
RV.
:
Caus.
रेपयति (aor. अरीरिपत्)
Gr.
:
Desid.
रिरीषति, °ते, ib. :
Intens.
रेरीयते, रेरयीति, ib.
2. री
=
रै in ऋध॑द्-री, q.v.
3. री
f.
See under 3. र,
p.
859, col. 3.
Monier Williams 1872
English
री 1. री (connected with rt. 1. रि), cl.
9. P. A. रिणाति, रिणीते, रिराय (3rd du.
रिर्यतुस्), रिर्ये, रेष्यति, रेष्यते, अरैषीत्,
अरेष्ट, रेतुम्, to go, move
to hurt, injure, kill,
(see rt. 1. रि)
to howl [cf. rt. 1. रु]
cl. 4. A.
रीयते, &c., to melt, become fluid, distil, drip,
trickle, ooze, drop, flow [cf. rt. 1. ली]: Caus. रेप-
यति, -यितुम्, Aor. अरीरिपत्: Desid. रिरीषति,
-ते: Intens. रेरीयते, रेरयीति
[cf. Goth. and
Angl. Sax. rinnan.]
री 2. री = रै in ऋधद्-री, (for री, fem.
of 2. र, see under 2. र, p. 824.)
Macdonell
English
री RĪ,
f.
रि RI.
Benfey
English
1. री री, ii. 9, रिणा, रिणी। Par.
1.
To go.
2. To howl.
3. To hart.
2. री री, i. 4, Ātm. To distil, to
ooze, to drop. -- With the prep. अनु
अनु, To drop after, to follow dropping,
Chr. 291, 3 = Rigv. i. 85, 3. -- Cf. Goth.
and A.S. rinnan (based on ii. 5).
Apte Hindi
Hindi
री
दिवा* आ* - -
"टपकना, बूंद-बूंद गिरना, रिसना, पसीजना, बहना"
री
"क्र्या* उभ* , , " - -
"जाना, हिलना-जुलना"
री
"क्र्या* उभ* , , " - -
"चोट पहुँचाना, क्षतिग्रस्त करना, मार डालना"
री
"क्र्या* उभ* , , " - -
हू हू करना
Shabdartha Kaustubha
Kannada
री
पदविभागः - > स्त्रीलिङ्गः
कन्नडार्थः - > ಗತಿ /ಗಮನ /ಚಲನೆ
निष्पत्तिः - > री (गतौ) - "क्विप्" (३-२-१७८)
री
पदविभागः - > स्त्रीलिङ्गः
कन्नडार्थः - > ಶಬ್ದ /ಸದ್ದು
री
पदविभागः - > स्त्रीलिङ्गः
कन्नडार्थः - > ವಧೆ
L R Vaidya
English
rI {% (I) vi. 4A (pp. रीयते) %} To ooze, to flow.
rI {% (II) vt. or vi. 9U (pp. रीण
pres. रिणाति, रिणीते
caus. रेपयति-ते) %} 1. To go. to move
2. to howl
3. to injure, to kill.
Bopp
Latin
1. री 4. A. fluere. RIGV. 85. 3.: वर्त्माण्य् एषाम् अनु री-
यते घृतम् «in tramite eorum post ipsos manat aqua».
Cf. रि, ऋ.
c. affluere, adire. RIGV. 30. 2.
2. री 9. P. रिणामि (gr. 385.) ire. V. 1. री.
c. नि adoriri. RIGV. 61. 13.: निरिणाति शत्रून्.
Lanman
English
√rī, see ri.
Kridanta Forms
Sanskrit
री (री॒ङ् श्रवणे - दिवादिः - अनिट्)
ल्युट् = रयणम्
अनीयर् = रयणीयः - रयणीया
ण्वुल् = रायकः - रायिका
तुमुँन् = रेतुम्
तव्य = रेतव्यः - रेतव्या
तृच् = रेता - रेत्री
क्त्वा = रीत्वा
ल्यप् = प्ररीय
क्तवतुँ = रीणवान् - रीणवती
क्त = रीणः - रीणा
शानच् = रीयमाणः - रीयमाणा
री (री॒ गतिरेषणयोः - क्र्यादिः - अनिट्)
ल्युट् = रयणम्
अनीयर् = रयणीयः - रयणीया
ण्वुल् = रायकः - रायिका
तुमुँन् = रेतुम्
तव्य = रेतव्यः - रेतव्या
तृच् = रेता - रेत्री
क्त्वा = रीत्वा
ल्यप् = प्ररीय
क्तवतुँ = रीणवान् - रीणवती
क्त = रीणः - रीणा
शतृँ = रिणन् - रिणती
धातुपाठः (Krishnacharya)
Sanskrit
धातुः:
री
मूलधातुः:
धात्वर्थः:
गति-रेषणयोः (रेषणं वृकशब्दः)
गणः:
क्र्यादिः
कर्मकत्वं:
गतौ सकर्मकः
इट्त्वं:
अनिट्
उपग्रहः:
परस्मैपदी
रूपम्:
रिणाति
अनुबन्धादिविशेषः:
प्वादिः ल्वादिः
धातुः:
री
मूलधातुः:
धात्वर्थः:
हिंसायाम्
गणः:
स्वादिः
कर्मकत्वं:
सकर्मकः
इट्त्वं:
अनिट्
उपग्रहः:
परस्मैपदी
रूपम्:
रिणोति
धातुः:
री
मूलधातुः:
रीङ्
धात्वर्थः:
स्रवणे, श्रावण इति पाठान्तरम्
गणः:
दिवादिः
कर्मकत्वं:
श्रवणे सकर्मकः
इट्त्वं:
अनिट्
उपग्रहः:
आत्मनेपदी
रूपम्:
रीयते
अनुबन्धादिविशेषः:
ओदित्
धातुप्रदीपः
Sanskrit
री गति, रेषणयोः
- रिणाति रिराय रिर्य्यतुः अरैषीत् रेपयति रीणम् रीणिः 32
Schmidt Nachtrage zum Sanskrit Worterbuch
German
*री f. H XLIII, 59 ° = श्लेसो मैत्री (Ko.)
= गति, XLIII, [120?] 248
XLVI, 64.
Wordnet
Sanskrit
Synonyms:
मुच्, प्रतिमुच्, प्रमुच्, विमुच्, विप्रयुज्, रिच्, री, विबाध्, विषो
verb
बन्धनात् वियोगानुकूलः व्यापारः।
"मत्स्यः जालकात् अमुञ्चत्।"
Synonyms:
प्रस्रु, स्रु, प्रस्यन्द्, प्रस्यंद, निष्यन्द्, निष्यंद्, अभिष्यन्द्, अभिष्यंद्, क्षर्, गल्, सृ, प्रवह्, री, द्रु
verb
रसस्य बहिः अप्रतिहतं निःसरणानुकूलः व्यापारः।
"तस्य स्फोटात् पूयं प्रस्रवते।"
एकाक्षरनाममाला
Sanskrit
री, भ्रान्ति
भये शब्दे री भ्रान्तौ लकारश्चलने पुनः
verse 1.1.1.38
page 0121
शब्दकल्पद्रुमः
Sanskrit
री, क्षरणे इति कविकल्पद्रुमः
(दिवा०-आत्म०-अक०-अनिट् ।) ओ, रीणः ।ङ य, रीयते पयः इति दुर्गादासः
री, गि रवे वधे गतौ इति कविकल्पद्रुमः
(क्र्या० प्वा०-पर०-अक०-सक० च-अनिट् ।)गि, रिणाति रीणः रिणिः रवः शब्दः तथाच कातन्त्रादौ री गतिरेषणयोः रेषणं वृक-ध्वनिरिति रमानाथः रिणाति रेषते वृकः ।इति शब्दार्थे भट्टमल्लः इति दुर्गादासः
री,
स्त्री,
(री + क्विप् ।) गतिः इति शब्दरत्ना-वली
रवः वधः इति रीधात्वर्थदर्शनात्
वाचस्पत्यम्
Sanskrit
री क्षरणे दि० आ० अक० अनिट् रीयते अरेष्ट ओदित्निष्ठातस्य नः रीणः
री गतौ बधे
सक०
रवे अक० क्य्रा० प्वा० अनिट् रिणाति अरैषीत्
क्षीरतरङ्गिणी
Sanskrit
री गति, रेषणयोः
- (अर्थविवरणम्) रेषणं हिंसा
रिणाति रीणः रेपयति दिवादौ रीङ् स्रवणे (428)-रीयते 29
धातुवृत्तिः
Sanskrit
री (अर्थः) गति, रेषणयोः
(अर्थविवरणम्) रेषणं वृकशब्दः
( रिणाति रिणीतः रिणासि रिणामि रिराया रिर्यतुः रिर्यिथ रिरेथ रिर्यिव, ) क्रादिनियमादिट् थलि तु भारद्वाजनियमाद्विकल्पः अजादौ "एरनेकाख्च'' इति यणोऽसिद्धत्वात् "हलि च'' "उपधायाश्च'' इति दीर्घत्वन्न भवति ( रिणातु रिणीहि रिणानि अरिणात् अरिणीताम् अरिणाः अरिणाम् रिणीयाताम् ) आशिषि ( रीयात् रीयास्ताम् अरैषीत् अरैष्टाम् रेरीषति रेरीयते रेषयति अरीरपत् ) "अर्त्तिह्री'' इत्यादिना पुक् शेषं रीयतिवत् 29
कृदन्तरूपमाला
Sanskrit
1 {@“री गतिरेषणयोः”@} 2 प्वादिः, ल्वादिश्च।
‘स्रवणे रीयते रीङो, रिणाति गतिरेषयोः।।’ 3 इति देवः।
‘रेषणम् = 4 हिंसा’ इति क्षीरस्वामी।
“रेषणम् = वृकशब्दः।
यदाह यादवप्रकाशः-- ‘वृकस्य रेषणं रेषा, ह्रेषा हेषा वाजिनाम्।
बृंहितं करिणां शब्दः--।।’ इति।” इति पुरुषकारः।
गतिहिंसार्थयोः सकर्मकः, वृकरवार्थकत्वे तुं अकर्मक इति बोध्यम्।
‘श्रवणे’ इत्यपि केचित्।
‘-- गतिशोषणयोः’ इति न्यासे 5 पाठः।
6 रायकः-यिका, 7 रेपकः-पिका, रिरीषकः-षिका, रेरीयकः-यिका
रेता-रेत्री, रेपयिता-त्री, रिरीषिता-त्री, रेरीयिता-त्री
इत्यादिकानि समस्तान्यपि रूपाणि क्रैयादिकप्लिनातिवत् 8 बोध्यानि।
9 व्यतिरिणानः, व्यति- रिणन्-ती, 10 रयः, 11 रीतिः, रीणिः, इतीमान्यस्माद्भवन्तीति विशेषः।
प्रासङ्गिक्यः
01
=>
(१४१०)
02
=>
(९-क्र्यादिः-१५००। सक। अनि। पर।)
03
=>
(श्लो। १८)
04
=>
[[२। यदा तु रेषणशब्दस्य हिंसा अर्थः, तदानीं ‘रिष हिंसायाम्’ इति भौवादिक- धातोर्निष्पन्नं पदमेतदिति बोध्यम्। यदि वृकशब्दोऽर्थः--तर्हि ‘रेषृ अव्यक्ते शब्दे’ इति भौवादिकधातोर्निष्पन्नं तदिति भेदोऽत्रानुसन्धेयः।]]
05
=>
(७-३-३६)
06
=>
[पृष्ठम्११२२+ ३१]
07
=>
[[१। ण्यन्ते सर्वत्र, ‘अर्तिह्रीव्लीरीक्नूयी--’ (७-३-३६) इत्यादिना पुगागमः। ‘पुगन्तलघूपधस्य च’ (७-३-८६) इति गुणः।]]
08
=>
(१०८१)
09
=>
[[२। हिंसागत्यर्थंयोः ‘न गतिहिंसार्थेभ्यः’ (१-३-१५) इति आत्मनेपदनिषेधात् कर्म- व्यतीहारेऽपि व्यतिरिणन् इति शतैव। शब्दार्थकत्वे तु ‘कर्तरि कर्मव्यतीहारे’ (१-३-१४) इति शानचि व्यतिरिणानः इति रूपमिति बोध्यम्।]]
10
=>
[[३। भावे ‘एरच्’ (३-३-५६) इत्यचि रूपमेवम्। अभिधानस्वाभाव्याद् गत्यर्थ- कस्यास्य वेगे वृत्तिरत्रेति बोध्यम्। ‘कथं पुनरन्यो नामान्यस्यार्थे वर्तते? कथम् ऊहिर्वह्यर्थे वर्तते? बह्वर्था अपि धातघो भवन्ति…’ इति भाष्य (३-१-१३१)- वाक्यमिहावधेयम्।]]
11
=>
[[४। क्तिचि रूपमेवम्। क्तिनि तु ‘ऋकारल्वादिभ्यः क्तिन् निष्ठावद् वाच्यः’ (वा। ८-२-४४) इति वचनात् रीणिः इति नत्वे णत्वे भवति।]]
Capeller
German
री s. 1. रि.
Grassman
German
√ri, √rī, Grundbedeutung: in Bewegung setzen (vgl. reṇú), und daher wahrscheinlich aus ar, erweitert, 1〉 frei lassen, strömen lassen [A.]
2〉 laufen lassen [A.]
3〉 lostrennen [A.] von [Ab.]
4〉 zerstreuen, auseinandertreiben [A.]
5〉 me., ins Fliessen gerathen, rinnen.
Mit ánu entlang strömen [A.].
ā́ 1〉 strömen lassen [A.] auf [L.]
2〉 me. hinströmen in die Tiefe [A.]
3〉 me. sich etwas [A.] strömen lassen in [A.].
1〉 auflösen oder niederfallen lassen eine Hülle, ein Gewand [A.]
2〉 niederwerfen, vernichten die Feinde [A.]
3〉 zermalmen, verzehren Speisen [A.]
4〉 me. niederrinnen
5〉 herabrennen.
nís 1〉 abtrennen [A.] von [Ab.]
2〉 verlocken [A.].
prá 1〉 abtrennen, wegraffen [A.]
2〉 me. vordringen.
zertrennen, zerhauen [A.].
sám zusammenfügen, wiederherstellen [A.].
Stamm I. riṇā́, riṇī (riṇ):
-ā́si ni 2〉 śátrūn {942, 3}.
-ā́ti 4〉 paśvás {166, 6} (didyút). ni 2〉 śátrūn {61, 13}.
-āti 2〉 śátrūn {946, 1}. 3〉 sthirā́ cid ánnā {127, 4}
pūrū́ṇi jámbhais {148, 4}
vánā {395, 10} (agnís). nís 2〉 vṛ́ṣaṇam {179, 4} (lópāmudrā). sám cakrám {385, 11}.
-īthas sám rebhám víprutam {117, 4}
srāmám {117, 19}.
-ánti 5〉 gā́vas durdhúras {410, 4} (marútas).
-anti ā́ 1〉 priyám (sómam) barhíṣi {783, 6}.
-ās áhim vájreṇa {315, 3}.
-án [3. p. C.] 1〉 apás {627, 28}
{964, 1}.
-īte 1〉 ápsas {124, 7} = {434, 6} (uṣā́s)
várṇam {783, 2}.
-ate [3. pl.] 5〉 vánāni {412, 6}.
Impf. áriṇā, áriṇī:
-ās 2〉 sū́riam {326, 6}. prá 1〉 devásya ásum {213, 4}.
-āt 1〉 saptá síndhūn {203, 3}
{324, 1}
{893, 12}
bṛhát {237, 11}(?).
-īta [2. pl.] 3〉 gā́m cármaṇas {294, 2}.
ariṇā, ariṇī:
-ās 1〉 apás {56, 6}
síndhūn {315, 5}
{338, 7}.
-āt 1〉 síndhum {206, 6}.
-ītam [2. du.] sám viśpálām {117, 11}.
-īta [2. pl.] nís 1〉 cármaṇas gā́m {161, 7}
{332, 4}.
Stamm II. rī́ya:
-ate 5〉 ghṛtám {135, 7}. prá 2〉 yásmai svádhitis {361, 8}.
rīya:
-ate 5〉 áśmanvatī {879, 8}.
ánu vártmāni {85, 3} [Page1164] (ghṛtám). ā́ 3〉 sahásram sámāśirām nimnám {30, 2}.
-ante ā́ 2〉 nivanā́‿iva {866, 9} (síndhavas).
Part. riṇát:
-án 1〉 apás {213, 4}
{627, 28}
{652, 2}
{821, 22}.
riṇāná:
-ás ni 4〉 (sómas) {726, 4}.
(rī́yamāṇa) [Stamm II.]:
-ās anu áhim budhníam VS. 〔10, 19〕.
Verbale rít (rinnend):
-ítas [A. p. f.] 5〉 apás {498, 4}.
√rī siehe ri.
1164, 5: {627, 28}
Burnouf
French
*री री। रीये 4
p. रिर्ये
f1.
रेताहे
f2. रेक्ष्ये
a1. अरेषि
pp. रीण।
Couler, découler, Vd.
*री री। रिणामि 9
p. रिराय
etc. Aller
cf. ऋ।
Rugir, mugir, cf. रु।
Tuer
cf. रु।