| YouTube Channel

दोषा (doSA)

 
शब्दसागरः
English
दोषा
f.
(-षा)
1. Night.
2. The arm. ind. (-षा)
1. By night, at night.
2.
At the beginning of the night.
E.
दम् to tame, ङीस् affix, and टाप्
added.
Capeller Eng
English
दोषा॑
f.
evening, dark
दोषा॑म् & दो°षा॑ (instr. ) in the
evening, at dusk.
Yates
English
दोषा (षा) 1.
f.
The arm
Ind. by night.
Spoken Sanskrit
English
दोषा - doSA -
f.
- darkness
दोषा - doSA -
f.
- arm
दोषा - doSA -
f.
- Night personified
दोषा - doSA -
f.
- night
दोषा - doSA -
f.
- evening
Wilson
English
दोषा
f.
(-षा)
1 Night.
2 The arm. ind. (-षा)
1 By night, at night.
2 At the beginning of the night.
E.
दम to tame, डोस् affix, and टाप् added.
Apte
English
दोषा [dōṣā],
ind.
At night
दोषा$पि नूनमहिमांशुरसौ किलेति
Śi.*
4. 46, 62.
f.
The arm.
The darkness of night, night
घर्मकालदिवस इव क्षपितदोषः
K.*
37 (where the word means 'a fault or sin' also).
Comp.
-आस्यः, -तिलकः a lamp.
करः The moon
यामित्रवेधविहितानपहृत्य दोषान् दोषाकरः सुखमनेकविधं विधत्ते Jyotistattvam.
a mine of faults
दोषाकरो$पि कुटिलो$पि कलङ्कितो$पि Udb.
Apte 1890
English
दोषा ind. At night
दोषाऽपि नूनमहिमांशुरसौ किलेति Śi. 4. 46
62.
f. 1 The arm.
2 The darkness of night, night
घर्मकालदिवस इव क्षपितदोषः K. 37 (where the word means ‘a fault or sin’ also).
Comp.
आस्यः,
तिलकः a lamp.
करः the moon.
Monier Williams Cologne
English
दोषा॑ a
f.
See next.
1. दोषा॑
f.
darkness, night,
RV.
AV.
&c.
(°षा॑म्
ind.
& °षा॑ [instr.
cf.
g. स्वर्-आदि]
ind.
in the evening, at dusk, at night)
Night personified (and regarded with,
Prabh.
as wife of Puṣpārṇa and mother of Pradoṣa or Evening, Niśitha [!] or Midnight and Vyuṣṭa or Day-break),
BhP.
iv, 13, 13
14 (cf. दोष॑स्, पश्चा-दोष, प्र-दोष, प्रति-दोषम्)
दोषा॑
ind.
, [instr.
cf.
g. स्वर्-आदि] in the evening, at dusk, at night
2. दोषा
f.
(for 1. See 1. दोष) the arm,
L.
Monier Williams 1872
English
2. दोषा, f. the arm. (For 1. दोषा see col. 2.)
Macdonell
English
दोषा doṣ-ā́,
f.
evening, darkness: -m, in. 🞄ā́, in the evening, at night.
Benfey
English
दोषा दोषा, an old instr. of दोष,
adv. At night, Śiś. 4, 46.
Chandas
Sanskrit
सम-वृत्तम्,
अक्षराणि-
28,
पादेऽक्षराणि-
7
मात्राः - 10
सङ्ख्याजातिः - उष्णिक्
मात्रा-विन्यासः
दा दा दा
लक्षण-मूलम् - आनन्दमिश्र-जालक्षेत्रम्
Apte Hindi
Hindi
दोषा
स्त्री*
- -
रात्रि
दोषा
स्त्री*
- -
भुजा
दोषा
स्त्री*
- -
"रात्रि का अंधेरा, रात"
Shabdartha Kaustubha
Kannada
दोषा
पदविभागः - > अव्ययम्
कन्नडार्थः - > ರಾತ್ರಿಯಲ್ಲಿ
निष्पत्तिः - > दुह (वैकृत्ये) - "आ" (१-१-३७) सप्तम्यर्थे अव्ययम्
व्युत्पत्तिः - > दुष्यत्यत्र
प्रयोगाः - > "दोषामि नूनमहिमांशुरसौ किलेति व्याकोशकोकनदतां दधते नलिन्यः"
उल्लेखाः - > माघ० ४-४६
दोषा
पदविभागः - > स्त्रीलिङ्गः
कन्नडार्थः - > ಬಾಹು /ತೋಳು
L R Vaidya
English
dozA {% (I) ind. %} At night, दोषाऽपि नूनमहिमांशुरसौ किलेति Sis.iv.46.
dozA {% (II) f. %} 1. The arm
2. the night, as in घर्मकालदिवस इव क्षयितदोष Kad. (where the word can not be treated as an indeclinable).
Bopp
Latin
1. दोषा f. (ut videtur, a r. दुष् s. आ) nox. Wils.
2. दोषा Adv. noctu.
Edgerton Buddhist Hybrid
English
doṣā, adv. (Skt. chiefly Vedic
cf. Skt. doṣām, Pali dosaṃ), last evening: Mv 〔ii.258.5〕 (prose).
Wordnet
Sanskrit
Synonyms:
रात्रिः, निशा, रजनी, क्षणदा, क्षपा, शर्वरी, निश्, निद्, त्रियामा, यानिनी, यामवती, नक्तम्, निशीथिनी, तमस्विनी, विभावरी, तमी, तमा, तमिः, ज्योतष्मती, निरातपा, निशीथ्या, निशीथः, शमनी, वासुरा, वाशुरा, श्यामा, शताक्षी, शत्वरी, शर्या, यामिः, यामी, यामिका, यामीरा, याम्या, दोषा, घोरा, वासतेयी, तुङ्गी, कलापिनी, वायुरोषा, निषद्वरी, शय्या, शार्वरी, चक्रभेदिनी, वसतिः, काली, तारकिणी, भूषा, तारा, निट्
noun
दीपावच्छिन्न-सूर्यकिरणानवच्छिन्नकालः।
"यदा दिक्षु अष्टासु मेरोर् भूगोलकोद्भवा। छाया भवेत् तदा रात्रिः स्याच्च तद्विरहाद् दिनम्।"
अभिधानचिन्तामणिः
Sanskrit
--source--
निशा निशीथिनी रात्रिः शर्वरी क्षणदा क्षपा १४१
त्रियामा यामिनी भौती तमी तमा विभावरी
रजनी वसतिः श्यामा वासतेयी तमस्विनी १४२
p{0010}
उषा दोषेन्दुकान्ताथ तमिस्रा दर्शयामिनी
-wordlist-
निशा (स्त्री), निशीथिनी (स्त्री), रात्रि (स्त्री), शर्वरी (स्त्री), क्षणदा (स्त्री), क्षपा (स्त्री), त्रियामा (स्त्री), यामिनी (स्त्री), भौती (स्त्री), तमी (स्त्री), तमा (स्त्री), विभावरी (स्त्री), रजनी (स्त्री), वसति (स्त्री), श्यामा (स्त्री), वासतेयी (स्त्री), तमस्विनी (स्त्री), उषा (स्त्री), दोषा (स्त्री), इन्दुकान्ता (स्त्री), तमिस्रा (स्त्री), दर्शयामिनी (स्त्री)
--source--
दोषा नक्तमुषा रात्रौ प्रगे प्रातरहर्मुखे १५३३
-wordlist-
दोषा (अ), नक्तम् (अ), उषा (अ), रात्रि (स्त्री), प्रगे (अ), प्रातर् (अ), अहर्मुख (क्ली)
अभिधानरत्नमाला
Sanskrit
तमी
तमी, तमिस्रा, तमस्विनी, विभावरी, नक्तमुखा, शर्वरी, क्षपा, त्रियामा, क्षणदा, निशीथिनी, निशा, दोषा, रजनी, यामिनी, वसति, वासतेयी, श्यामा, रात्रि
तमी तमिस्रा कथिता तमस्विनी,
विभावरी नक्तमुखा शर्वरी
क्षपा त्रियामा क्षणदा निशीथिनी,
निशा दोषा रजनी यामिनी १०७
वसतिर्वासतेयी श्यामा रात्रिश्च कथ्यते
verse 1.1.1.107
page 0014
नाममाला
Sanskrit
निशा, क्षणदा, रजनी, नक्त, दोषा, श्यामा, क्षिपा
उडूनि भानि तारर्क्षं नक्षत्रम् तत्पतिः निशा
क्षणदा रजनी नक्तं दोषा श्यामा क्षिपाकरः ४८
verse 0.1.1.48
page 0026
दोस्, दोषा, भुज, बाहु
दोर्दोषा भुजो बाहुः पाणिर्हस्तः करस्तथा
verse 0.1.1.101
page 0050
Tamil
Tamil
தோ3ஷா : கை, புயம், இரவு, இருட்டு.
Vedic Reference
English
Doṣā, ‘evening, is frequently referred to from the Rigveda^1
onwards, ^2 usually as contrasted with uṣas, ‘dawn.’ In the
Chāndogya Upaniṣad^3 the word is contrasted with prātar,
‘early.’ See also Ahan.
1) i. 34, 3
179, 1
ii. 8, 3
iv. 2, 8
v. 5, 6
32, 11
vi. 5, 2, etc.
2) Av. vi. 1, 1
Nirukta, iv. 17.
3) vi. 13, 1.
शब्दकल्पद्रुमः
Sanskrit
दोषा,
स्त्री,
(दुष्यतेऽन्धकारेणेति दुष् + घञ् +टाप् ।) रात्रिः (यथा, आर्य्यासप्तशत्याम् ।२९८ ।“दोपदशा कुलयुवतिर्वैदग्ध्येनैव मलिनतामेति ।दोषा अपि भूषायै गणिकायाः शशिकलायाश्च
”दाम्यत्यनेनेति दम् + “दमेर्डोसिः ।” उणां ।२ ६९ इति डोसिः भागुरिमते टाप् ।)भुजः इति मेदिनी षे, १५
दोषा,
व्य,
(दुष्यत्यत्रेति दुष् + “आः समिण्-निकषिभ्याम् ।” उणां १७४ इत्यत्र ।“वाहुलकात् दिविदुषिभ्याञ्च ।” इत्युज्ज्वलदत्तोक्तेःआः ।) “स्वरादिनिपातमव्ययम् ।” ।३७ इति स्वरादिपाठात् अव्ययत्वम् ।)नक्तम् रजन्याम् इत्यथः इत्यमरः
(यथा, माघे ४६ ।“दोषापि नृनमहिमांशुरसौ किलेतिव्याकोशकोकनदतां दधते नलिन्यः
”)निशामुखम् इति हेमचन्द्रः
वाचस्पत्यम्
Sanskrit
दोषा
अव्य०
दुष्यत्यत्र दुष--बा० आधारे स्वरा० रात्रा-वित्यर्थे “दोषाऽपि नूनमहिमांशुरसौ किलेति” माघःदोषापि रात्रावपीत्यर्थः दिवाभूता रात्रिः दोषाभूतमहःइति भाष्यप्रयोगात् असप्तम्यर्थेऽपि तस्य वृत्तिता ततःष्ठ्यल् तुट् दोषातन रात्रिभवे
त्रि०
“दोषातनंबुधवृहस्पतियोगदृश्यः” रघुः (अभ्रवृन्दम्) अस्यटाबन्तस्त्रीत्वमपि “घर्मकालदिवस इव क्षयितदोषः”काद० दोषाशब्दस्य टाबन्तत्वे एव गौणे ह्रस्वसम्भवःअव्ययत्वे तत्सम्भवः इति बोध्यम् दोस् + भागुरिमतेस्त्रियां टाप् बाहौ स्त्री शब्दार्थचि०
Grassman
German
doṣā́, f., Abend, Dunkel [wol von duṣ sich beflecken, in dem Sinne dunkeln], fast überall mit dem Gegensatze uṣás oder vástu, namentlich 2〉 Instr. (-ā́), Acc. (-ā́m) adverbial: am Abend
vgl. prati-, pra-doṣám.
-ā́m 1〉 {308, 2}
{359, 6}. 2〉 {865, 1}.
-ā́ [I.] 2〉 {307, 6}
neben vástos {104, 1}
{386, 11}
{446, 2}
{480, 3}
{517, 6}
{645, 21}
{866, 2}. _{866, 4}
neben uṣási {199, 3}
{298, 8}
{519, 5}
{642, 14}.
-ā́s [A. p.] {34, 3}
{179, 1} (nach Pada) neben vástos uṣásas.
Burnouf
French
दोषा दोषा
f.
(दुष्
sfx. अ) bras, cf. दोस्।
Nuit. -- Adv. de nuit, nuitamment.
दोषाकर
m.
(कृ) la Lune.
दोषालन a. [f. ई] (sfx. तन) nocturne.
दोषातिलक
m.
lampe.
दोषास्य
m.
(आस्य) lampe.